क्वीन्स बार में 7 हजार के बिल को लेकर बवाल, तोड़फोड़ के बाद स्टाफ से मारपीट; पुलिस के समझाने पर फिर लौटे आरोपी

Editorial
6 Min Read

मेरठ उत्तर प्रदेश के मेरठ में सदर थाना क्षेत्र स्थित क्वीन्स बार में बिल को लेकर शुरू हुआ विवाद देखते ही देखते हंगामे में बदल गया। करीब 7 हजार रुपये के बिल को लेकर बार में मौजूद ग्राहकों और स्टाफ के बीच कहासुनी हुई। आरोप है कि विवाद बढ़ने पर ग्राहकों ने बार में तोड़फोड़ शुरू कर दी और कर्मचारियों के साथ मारपीट की। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया।बताया जा रहा है कि हंगामा करने वाले लोगों की संख्या आधा दर्जन से अधिक थी। घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों पक्षों को समझाकर मामला शांत कराने का प्रयास किया। आरोप है कि पुलिस के हस्तक्षेप के बाद कुछ समय के लिए स्थिति सामान्य हुई, लेकिन इसके बाद आरोपी दोबारा बार में पहुंच गए और फिर से हंगामा करने लगे।

7 हजार रुपये के बिल से शुरू हुआ विवाद

जानकारी के मुताबिक, क्वीन्स बार में कुछ ग्राहक पहुंचे थे। बार में खाने-पीने के बाद जब बिल आया तो करीब 7 हजार रुपये की रकम को लेकर ग्राहकों और स्टाफ के बीच विवाद शुरू हो गया। शुरुआत में मामला कहासुनी तक सीमित था, लेकिन देखते ही देखते विवाद बढ़ गया।आरोप है कि ग्राहकों ने बार के कर्मचारियों के साथ अभद्रता की और मारपीट शुरू कर दी। इसके बाद बार परिसर में तोड़फोड़ भी की गई। घटना से बार में मौजूद अन्य लोगों के बीच भी दहशत का माहौल बन गया।

पुलिस पहुंची तो शांत हुआ मामला

बार में हंगामे की सूचना मिलने पर सदर थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने वहां मौजूद लोगों को समझाकर स्थिति को नियंत्रित किया। पुलिस की मौजूदगी में विवाद को शांत कराने का प्रयास किया गया।बताया जा रहा है कि पुलिस के हस्तक्षेप के बाद मामला कुछ समय के लिए शांत हो गया था। हालांकि आरोप है कि पुलिस के समझाने के बावजूद विवाद में शामिल लोग दोबारा बार में पहुंचे और फिर से हंगामा करने लगे। इससे पुलिस और बार प्रबंधन की परेशानी बढ़ गई।

दोबारा हंगामा करने का आरोप

आरोप है कि विवाद शांत होने के बाद भी संबंधित लोग अपनी हरकतों से बाज नहीं आए। दोबारा बार पहुंचने के बाद उन्होंने फिर से हंगामा किया। इस दौरान बार स्टाफ में अफरा-तफरी की स्थिति बन गई।मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने आरोपियों की तलाश शुरू की। पुलिस के पहुंचने की भनक लगते ही कई आरोपी मौके से फरार हो गए। बताया जा रहा है कि आरोपी अपनी स्कूटी मौके पर छोड़कर फरार हो गए।

आधा दर्जन से अधिक लोगों के शामिल होने की बात

प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, पूरे हंगामे में आधा दर्जन से अधिक लोगों के शामिल होने की बात सामने आ रही है। पुलिस अब घटना के दौरान मौजूद लोगों की पहचान करने में जुटी है।बार में लगे CCTV कैमरों की फुटेज भी जांच का अहम हिस्सा हो सकती है। फुटेज के जरिए यह पता लगाने की कोशिश की जा सकती है कि विवाद की शुरुआत कैसे हुई और तोड़फोड़ व मारपीट में कौन-कौन लोग शामिल थे।

CCTV फुटेज से सामने आ सकती है पूरी तस्वीर

ऐसे मामलों में CCTV फुटेज पुलिस जांच के लिए महत्वपूर्ण साक्ष्य साबित होती है। बार परिसर में लगे कैमरों में यदि पूरी घटना रिकॉर्ड हुई है तो पुलिस उसके आधार पर आरोपियों की पहचान कर सकती है।जांच में यह भी देखा जाएगा कि विवाद किस बात से शुरू हुआ, किसने पहले हंगामा किया और तोड़फोड़ व मारपीट की घटना में किन लोगों की भूमिका रही। पुलिस द्वारा फुटेज और अन्य उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई किए जाने की उम्मीद है।

पुलिस की कार्रवाई पर टिकी नजर

मेरठ के सदर थाना क्षेत्र में हुई इस घटना के बाद बार और आसपास के इलाकों में भी चर्चा तेज है। व्यापारिक प्रतिष्ठानों में विवाद के बाद तोड़फोड़ और कर्मचारियों से मारपीट की घटनाओं को लेकर पुलिस की कार्रवाई पर नजर बनी हुई है।फिलहाल पूरे घटनाक्रम में पुलिस जांच कर रही है। आरोपियों के खिलाफ क्या कानूनी कार्रवाई की जाती है और घटना में शामिल सभी लोगों की पहचान कब तक होती है, यह जांच पूरी होने के बाद स्पष्ट होगा।

बार में हंगामे से उठे सुरक्षा पर सवाल

क्वीन्स बार में हुए इस हंगामे ने प्रतिष्ठानों की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी सवाल खड़े किए हैं। खासकर तब, जब विवाद पुलिस के हस्तक्षेप के बाद भी दोबारा शुरू होने का आरोप लगाया जा रहा है। ऐसे में CCTV, सुरक्षा कर्मचारियों की मौजूदगी और विवाद की स्थिति में तत्काल पुलिस सूचना देने जैसी व्यवस्थाएं महत्वपूर्ण हो जाती हैं।पुलिस के सामने अब चुनौती फरार आरोपियों की पहचान कर उन्हें पकड़ने के साथ-साथ पूरे घटनाक्रम की वास्तविक वजह सामने लाने की है। 7 हजार रुपये के बिल से शुरू हुआ विवाद आखिर किस तरह तोड़फोड़ और मारपीट तक पहुंचा, यह जांच का प्रमुख बिंदु रहेगा।

read on:https://news7hindi.com/meerut-ssp-avinash-pandey-removed-from-police-headquarters-following-allegations-of-lathicharge-and-custodial-beating-on-dalit-protesters/

or advertisement visit our office:http://3RD FLOOR, lekhraj market, bansal Complex, Lucknow, Uttar Pradesh 226016

Share This Article
Leave a Comment