दोस्त ही बना कातिल! बर्तन धोने की मामूली बात पर चाकू से ली जान, वाराणसी में सनसनी

Editorial
7 Min Read

वाराणसी धार्मिक नगरी वाराणसी से एक ऐसी दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है, जिसने हर किसी को झकझोर कर रख दिया। जिस दोस्त के साथ एक युवक पिछले एक साल से एक ही कमरे में रह रहा था, उसी ने मामूली कहासुनी के बाद उसे मौत के घाट उतार दिया। यह विवाद किसी बड़ी रंजिश या पैसों के लेन-देन का नहीं, बल्कि खाना बनाने के बाद बर्तन धोने जैसी छोटी-सी बात का था। कुछ ही मिनटों में बहस इतनी बढ़ गई कि एक दोस्त ने सब्जी काटने वाला चाकू उठाकर दूसरे के पेट में घोंप दिया। गंभीर रूप से घायल युवक को अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टर उसे बचा नहीं सके।घटना वाराणसी कमिश्नरेट के भेलूपुर थाना क्षेत्र स्थित बड़ी गैबी इलाके की है। मृतक की पहचान दीपांशु राय उर्फ लक्की के रूप में हुई है। पुलिस ने आरोपी पीयूष पांडेय को मौके से ही हिरासत में लेकर पूछताछ की, जिसमें उसने हत्या की बात स्वीकार कर ली। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर हत्या का मामला दर्ज कर लिया है।

हरिश्चंद्र घाट से लौटे, फिर शुरू हुआ विवाद

पुलिस जांच के अनुसार दीपांशु और पीयूष दोनों पिछले करीब एक वर्ष से एक ही कमरे में साथ रहते थे। दोनों का अधिकांश समय हरिश्चंद्र घाट के आसपास ही बीतता था। घटना वाली रात भी दोनों घाट से लगभग साढ़े दस बजे अपने कमरे पर लौटे थे। पुलिस का कहना है कि उस समय दोनों ने शराब पी रखी थी और नशे की हालत में थे।कमरे पर पहुंचने के बाद दोनों ने खाना बनाने की तैयारी की। खाना बन जाने के बाद बर्तन साफ करने को लेकर दोनों के बीच कहासुनी शुरू हो गई। पहले यह बहस सामान्य थी, लेकिन देखते ही देखते विवाद इतना बढ़ गया कि दोनों आपस में भिड़ गए।

गुस्से में उठाया चाकू, पेट में किया वार

पूछताछ में आरोपी पीयूष पांडेय ने पुलिस को बताया कि बहस के दौरान उसका गुस्सा इतना बढ़ गया कि उसने वहीं रखा सब्जी काटने वाला चाकू उठा लिया। इसके बाद उसने दीपांशु के पेट में जोरदार वार कर दिया। चाकू लगते ही दीपांशु लहूलुहान होकर जमीन पर गिर पड़ा। खून बहता देख आसपास के लोग और स्थानीय लोग मौके पर पहुंचे। घटना की सूचना तत्काल डायल 112 पर दी गई।पुलिस टीम मौके पर पहुंची और गंभीर रूप से घायल दीपांशु को तत्काल बीएचयू ट्रॉमा सेंटर पहुंचाया गया, लेकिन चिकित्सकों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। अस्पताल से मौत की पुष्टि होते ही पूरे इलाके में सनसनी फैल गई।

घटनास्थल से ही आरोपी दबोचा गया

भेलूपुर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी पीयूष पांडेय को घटनास्थल से ही हिरासत में ले लिया। शुरुआती पूछताछ में आरोपी के बयान और घटनास्थल से मिले साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने हत्या का मुकदमा दर्ज किया। पूछताछ के दौरान आरोपी ने अपना अपराध स्वीकार करते हुए पूरी घटना की जानकारी दी।पुलिस अधिकारियों का कहना है कि हत्या में इस्तेमाल किए गए चाकू को भी बरामद कर लिया गया है। फॉरेंसिक टीम ने मौके से साक्ष्य जुटाए हैं और मामले की विस्तृत जांच जारी है।

छह महीने पहले पिता का उठा था साया

जांच के दौरान एक और भावुक पहलू सामने आया। पुलिस के मुताबिक मृतक दीपांशु राय के पिता का करीब छह महीने पहले निधन हो गया था। पिता की मौत के बाद परिवार पहले ही गहरे सदमे से गुजर रहा था। अब बेटे की हत्या ने परिवार को पूरी तरह तोड़ दिया है। घटना की सूचना मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया। अस्पताल पहुंचे परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल था।

दोस्ती का दर्दनाक अंत

स्थानीय लोगों के मुताबिक दीपांशु और पीयूष के बीच लंबे समय से अच्छी दोस्ती थी। दोनों साथ रहते थे, साथ काम करते थे और अधिकांश समय एक-दूसरे के साथ ही बिताते थे। किसी ने भी नहीं सोचा था कि इतनी छोटी-सी बात दोनों के रिश्ते का इतना भयावह अंत कर देगी। इलाके के लोग इस घटना से स्तब्ध हैं और यही सवाल पूछ रहे हैं कि आखिर एक मामूली विवाद किसी की जान लेने तक कैसे पहुंच गया।

पुलिस का बयान

एसीपी भेलूपुर गौरव कुमार ने बताया कि पुलिस को डायल 112 के माध्यम से सूचना मिली थी कि एक युवक संदिग्ध परिस्थितियों में चाकू लगने से घायल हो गया है। पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची और घायल को अस्पताल भेजा, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। जांच में सामने आया कि दोनों युवक साथ रहते थे और नशे की हालत में खाना बनाने एवं बर्तन धोने को लेकर विवाद हुआ था। इसी दौरान आरोपी ने चाकू से हमला कर दिया।उन्होंने बताया कि आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है और उसके खिलाफ हत्या की धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।

गुस्सा बना मौत की वजह

यह घटना एक बार फिर यह सोचने पर मजबूर करती है कि नशे की हालत में मामूली विवाद भी किस तरह हिंसक रूप ले सकता है। कुछ मिनटों का गुस्सा, एक आवेशपूर्ण फैसला और एक चाकू का वार—इन सबने एक परिवार से उसका बेटा छीन लिया और दूसरे युवक को सलाखों के पीछे पहुंचा दिया। दोस्ती, जो भरोसे और साथ का प्रतीक होती है, उसी का अंत इस तरह होगा, इसकी किसी ने कल्पना भी नहीं की थी।वाराणसी की यह घटना केवल एक हत्या नहीं, बल्कि समाज के लिए एक गंभीर चेतावनी भी है कि नशा, अनियंत्रित गुस्सा और छोटी-छोटी बातों पर हिंसा कितनी बड़ी त्रासदी को जन्म दे सकती है।

read on:https://news7hindi.com/double-attack-of-silent-killer-in-up-hepatitis-spreading-through-blood/

or advertisement visit our office:http://3RD FLOOR, lekhraj market, bansal Complex, Lucknow, Uttar Pradesh 226016

Share This Article
Leave a Comment