रिपोर्ट :दीपचंद्र दीक्षित
फर्रुखाबाद सावन मास की पवित्र कांवड़ यात्रा को लेकर उत्तर प्रदेश पुलिस और जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में नजर आ रहा है। लाखों शिवभक्तों की सुरक्षा, सुचारु यातायात और शांतिपूर्ण यात्रा सुनिश्चित करने के लिए प्रशासन ने तैयारियों को अंतिम रूप देना शुरू कर दिया है। इसी क्रम में कानपुर जोन के अपर पुलिस महानिदेशक (ADG) अनुपम कुलश्रेष्ठ ने शुक्रवार को फर्रुखाबाद के प्रमुख आस्था स्थल पांचाल घाट का विस्तृत निरीक्षण किया और सुरक्षा व्यवस्था का बारीकी से आकलन किया।निरीक्षण के दौरान उनके साथ पुलिस उपमहानिरीक्षक (DIG) कानपुर परिक्षेत्र यमुना प्रसाद तथा पुलिस अधीक्षक आरती सिंह भी मौजूद रहीं। वरिष्ठ अधिकारियों ने घाट से लेकर कांवड़ यात्रा मार्ग तक सुरक्षा के हर पहलू की समीक्षा की और स्पष्ट निर्देश दिए कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा के साथ किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा।
पांचाल घाट पर सुरक्षा इंतजामों की हुई गहन समीक्षा
एडीजी अनुपम कुलश्रेष्ठ ने थाना कादरीगेट क्षेत्र स्थित पांचाल घाट पहुंचकर सबसे पहले पूरे घाट परिसर का पैदल निरीक्षण किया। उन्होंने घाट की साफ-सफाई, प्रकाश व्यवस्था, श्रद्धालुओं की आवाजाही, पार्किंग व्यवस्था, यातायात नियंत्रण और सुरक्षा व्यवस्था का बारीकी से जायजा लिया।उन्होंने अधिकारियों से पूछा कि कांवड़ यात्रा के दौरान संभावित भीड़ को नियंत्रित करने के लिए क्या विशेष इंतजाम किए गए हैं और किसी आपात स्थिति से निपटने के लिए क्या कार्ययोजना तैयार की गई है।

बैरिकेडिंग से लेकर CCTV तक हर व्यवस्था की जांच
निरीक्षण के दौरान एडीजी ने कांवड़ यात्रा मार्ग पर की गई बैरिकेडिंग, सीसीटीवी कैमरों की निगरानी व्यवस्था, कंट्रोल प्वाइंट, पुलिस पिकेट और सुरक्षा कर्मियों की तैनाती की विस्तार से समीक्षा की।उन्होंने निर्देश दिए कि जिन स्थानों पर श्रद्धालुओं की अधिक भीड़ रहने की संभावना है, वहां अतिरिक्त पुलिस बल और निगरानी की व्यवस्था की जाए।साथ ही यह भी सुनिश्चित किया जाए कि सभी सीसीटीवी कैमरे पूरी तरह सक्रिय रहें और कंट्रोल रूम से उनकी लगातार निगरानी की जाती रहे।
जल पुलिस और गोताखोर रहेंगे पूरी तरह तैयार
गंगा तट होने के कारण पांचाल घाट पर हर वर्ष बड़ी संख्या में श्रद्धालु स्नान और जल भरने के लिए पहुंचते हैं। इसे देखते हुए एडीजी ने जल पुलिस और प्रशिक्षित गोताखोरों की तैनाती को विशेष महत्व दिया।उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि घाट पर पर्याप्त संख्या में प्रशिक्षित गोताखोर मौजूद रहें और सभी आवश्यक बचाव उपकरण उपलब्ध हों।यदि किसी भी प्रकार की दुर्घटना या आपात स्थिति उत्पन्न होती है तो राहत एवं बचाव कार्य तत्काल शुरू किए जाएं।

श्रद्धालुओं की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता
निरीक्षण के दौरान एडीजी अनुपम कुलश्रेष्ठ ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि कांवड़ यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधा प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है।उन्होंने कहा कि ड्यूटी पर तैनात प्रत्येक पुलिसकर्मी पूरी सतर्कता, अनुशासन और जिम्मेदारी के साथ अपने कर्तव्यों का निर्वहन करे।उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि सुरक्षा व्यवस्था में किसी भी प्रकार की लापरवाही या उदासीनता को बिल्कुल भी स्वीकार नहीं किया जाएगा।
भीड़ प्रबंधन पर विशेष फोकस
सावन के दौरान पांचाल घाट पर हजारों श्रद्धालुओं के एक साथ पहुंचने की संभावना को देखते हुए प्रशासन ने भीड़ प्रबंधन को लेकर विशेष रणनीति बनाई है।एडीजी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि श्रद्धालुओं की आवाजाही के लिए अलग-अलग मार्ग निर्धारित किए जाएं ताकि किसी प्रकार की भगदड़ जैसी स्थिति न बने।इसके अलावा संवेदनशील स्थानों पर अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती सुनिश्चित करने को भी कहा गया।
रात में भी रहेगी कड़ी निगरानी
कांवड़ यात्रा के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु रात में भी यात्रा करते हैं।इसे ध्यान में रखते हुए एडीजी ने घाट क्षेत्र और यात्रा मार्ग पर पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।उन्होंने कहा कि अंधेरे वाले किसी भी स्थान को तत्काल चिन्हित कर वहां अतिरिक्त लाइटें लगाई जाएं ताकि सुरक्षा व्यवस्था प्रभावित न हो।
यातायात व्यवस्था के लिए बनेगा विशेष प्लान
निरीक्षण के दौरान पुलिस अधीक्षक आरती सिंह ने बताया कि कांवड़ यात्रा के दौरान यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के लिए विशेष ट्रैफिक प्लान तैयार किया गया है।
इसके तहत—
- भारी वाहनों के लिए वैकल्पिक मार्ग निर्धारित किए जाएंगे।
- भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में ट्रैफिक पुलिस की अतिरिक्त तैनाती होगी।
- आपातकालीन वाहनों के लिए अलग कॉरिडोर बनाया जाएगा।
- श्रद्धालुओं और आम नागरिकों को न्यूनतम असुविधा हो, इसका विशेष ध्यान रखा जाएगा।
संवेदनशील क्षेत्रों पर रहेगी विशेष नजर
प्रशासन ने कांवड़ यात्रा मार्ग के संवेदनशील और भीड़भाड़ वाले स्थानों की अलग सूची तैयार की है।इन क्षेत्रों में अतिरिक्त पुलिस बल, पीएसी और अन्य सुरक्षा एजेंसियों की तैनाती की जाएगी।साथ ही ड्रोन और सीसीटीवी कैमरों के माध्यम से भी लगातार निगरानी रखी जाएगी ताकि किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर तुरंत कार्रवाई की जा सके।
राहत एवं बचाव टीम भी रहेगी तैनात
एडीजी ने निर्देश दिए कि स्वास्थ्य विभाग, फायर ब्रिगेड, एंबुलेंस और आपदा राहत टीम को भी पूरी तरह अलर्ट रखा जाए।घाट पर प्राथमिक उपचार केंद्र, मेडिकल टीम और एंबुलेंस हर समय उपलब्ध रहें ताकि किसी भी श्रद्धालु को तत्काल सहायता मिल सके।
श्रद्धालुओं से भी की गई अपील
निरीक्षण के दौरान मौजूद पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने श्रद्धालुओं से भी सहयोग की अपील की।उन्होंने कहा कि सभी श्रद्धालु प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें, निर्धारित मार्गों का उपयोग करें और किसी भी अफवाह पर ध्यान न दें।यदि कोई संदिग्ध गतिविधि दिखाई दे तो तत्काल पुलिस को सूचना दें।
प्रशासन का संदेश—सुरक्षित और शांतिपूर्ण होगी कांवड़ यात्रा
फर्रुखाबाद प्रशासन ने साफ कर दिया है कि इस वर्ष कांवड़ यात्रा को सुरक्षित, व्यवस्थित और शांतिपूर्ण बनाने के लिए सभी आवश्यक इंतजाम किए जा रहे हैं। सुरक्षा, यातायात, साफ-सफाई, प्रकाश व्यवस्था, जल पुलिस, गोताखोर, सीसीटीवी निगरानी और राहत-बचाव जैसी सभी व्यवस्थाओं को मजबूत किया जा रहा है ताकि लाखों शिवभक्त बिना किसी परेशानी के अपनी धार्मिक यात्रा पूरी कर सकें।कांवड़ यात्रा शुरू होने से पहले एडीजी अनुपम कुलश्रेष्ठ का पांचाल घाट का निरीक्षण इस बात का संकेत है कि प्रशासन इस बार सुरक्षा व्यवस्था को लेकर किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं बरतना चाहता। बैरिकेडिंग से लेकर सीसीटीवी निगरानी, गोताखोरों की तैनाती, ट्रैफिक प्लान और आपातकालीन राहत व्यवस्था तक हर पहलू की समीक्षा कर अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए गए हैं। प्रशासन का लक्ष्य स्पष्ट है—हर श्रद्धालु सुरक्षित रहे, यात्रा शांतिपूर्ण हो और किसी भी अप्रिय घटना की संभावना को पहले ही समाप्त कर दिया जाए।
or advertisement visit our office:http://3RD FLOOR, lekhraj market, bansal Complex, Lucknow, Uttar Pradesh 226016

